विकिपीडिया स्वतंत्र हुई

Wikipedia

Image via Wikipedia

मैंने कुछ समय पहले एक चिट्ठी ‘विकिपीडिया की रिहाई?‘ नाम से पोस्ट की थी। इसमें बताया था कि विकिपीडिया जब शुरू की गयी उस  समय ग्नू मुक्त प्रलेखन लाइसेंस ही था इसलिये विकिपीडिया के जनक जिमी वेल्स ने इसे इसी लाइसेन्स के अन्दर प्रकाशित किया। हांलाकि यह लाइसेंस इस तरह के लेखों के लिये नहीं पर सॉफ्टवेयर के प्रलेखन (documentation) के बारे में था।  इसके बाद प्रोफेसर लेसिंग के द्वारा क्रिएटिव लाइसेन्स शुरू किया गया जो कि वास्तव में विकिपीडिया जैसे लेखों के लिये है।

विकिपीडिया, विकिमीडिया का एक कार्य है। विकिमीडिया इस तरह के कई कार्य करती है। इसके सारे कार्य – विकिन्यूस् को छोड़ कर – ग्नू मुक्त प्रलेखन लाइसेंस की शर्तें के अन्दर हैं। केवल, विकिन्यूस् ही क्रिऐटिव कॉमनस् के लाइसेंस २.५ के अन्दर हैं। पिछले साल  ३०, नवम्बर २००७ को, जिमी वेल्स ने  आईकॉमनस् (icommons) की दावत में घोषणा  की,

‘What I’m happy to announce tonight is that just yesterday the Wikimedia Foundation board voted to approve a deal beetween the FSF and CC and Wikimedia. We’re going to change the GFDL in such a way that Wikipedia will be able to become licensed under the Creative Commons Attribution-ShareAlike license.
So this is not as some people speculated on facebook my 58 birthday party … this is the party to celebrate the liberation of Wikipedia.’
मुझे यह बताते हुऐ बहुत खुशी हो रही है कि हम … विकिमीडिया में प्रकाशित सामग्री का ग्नू मुक्त प्रलेखन लाइसेंस को इस प्रकार से बदल देंगे कि इसकी सामग्री क्रिऐटिव कॉमनस् के लाइसेंस के अन्दर भी प्रकाशित की जा सके।


विकिमीडिया की प्रार्थना पर फ्री सॉफ्टवेयर फॉंडेशन ने ग्नू मुक्त प्रलेखन लाइसेंस पाठ १.३ (GNU Free Documentation License Version 1.3) ३ नवम्बर २००८ को निकाला है। इसके अनुच्छेद ११ में लिखा है कि इसके अन्दर प्रकाशित लेख अब क्रिएटिव लाइसेन्स ३.० (Creative Commons Attribution-Share Alike 3.0) के अन्दर प्रकाशित किये जा सकते हैं। अथार्त विकिपीडिया के सारे लेख आप क्रिएटिव लाइसेन्स ३.० के अन्दर प्रकाशित कर सकते हैं।

‘उन्मुक्त जी, आप बताये कि आपके लेख किस शर्तों में प्रकाशित हैं। क्या वे इसी शर्तों के अन्दर हैं?’


सच बात तो यह है कि मेरे लेखों के लिये कोई शर्त नहीं है। वे इन सारे लाइसेंसों से भी ज्यादा स्वतंत्र हैं। आप उनका जैसा चाहें वैसा प्रयोग करें।

‘अरे, आपने ऐसा क्यों किया है?’


इसका कारण जानने के लिये आपको मुन्ने की मां की यह चिट्ठी पढ़नी पड़ेगी।

हां, मैं आपको एक बात बताना भूल गया। मैंने कुछ दिन पहले लिखा था कि अमेरिका में पेटेंट का कानून बदल सकता है। सच में, यह ३० अक्टूबर २००८ को बदल गया है – जरा १३२ पेज के फैसले को पढ़ लूं फिर बताउंगा पर  क्या कोई कानूनी विशेषज्ञ इसके बारे में लिखना चाहेगा।

अन्य सांकेतिक चिन्ह

technogy, तकनीकी, सूचना, हिन्दी, विधि/कानून,

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के बारे में उन्मुक्त
मैं हूं उन्मुक्त - हिन्दुस्तान के एक कोने से एक आम भारतीय। मैं हिन्दी मे तीन चिट्ठे लिखता हूं - उन्मुक्त, ' छुट-पुट', और ' लेख'। मैं एक पॉडकास्ट भी ' बकबक' नाम से करता हूं। मेरी पत्नी शुभा अध्यापिका है। वह भी एक चिट्ठा ' मुन्ने के बापू' के नाम से ब्लॉगर पर लिखती है। कुछ समय पहले,  १९ नवम्बर २००६ में, 'द टेलीग्राफ' समाचारपत्र में 'Hitchhiking through a non-English language blog galaxy' नाम से लेख छपा था। इसमें भारतीय भाषा के चिट्ठों का इतिहास, इसकी विविधता, और परिपक्वत्ता की चर्चा थी। इसमें कुछ सूचना हमारे में बारे में भी है, जिसमें कुछ त्रुटियां हैं। इसको ठीक करते हुऐ मेरी पत्नी शुभा ने एक चिट्ठी 'भारतीय भाषाओं के चिट्ठे जगत की सैर' नाम से प्रकाशित की है। इस चिट्ठी हमारे बारे में सारी सूचना है। इसमें यह भी स्पष्ट है कि हम क्यों अज्ञात रूप में चिट्टाकारी करते हैं और इन चिट्ठों का क्या उद्देश्य है। मेरा बेटा मुन्ना वा उसकी पत्नी परी, विदेश में विज्ञान पर शोद्ध करते हैं। मेरे तीनों चिट्ठों एवं पॉडकास्ट की सामग्री तथा मेरे द्वारा खींचे गये चित्र (दूसरी जगह से लिये गये चित्रों में लिंक दी है) क्रिएटिव कॉमनस् शून्य (Creative Commons-0 1.0) लाईसेन्स के अन्तर्गत है। इसमें लेखक कोई भी अधिकार अपने पास नहीं रखता है। अथार्त, मेरे तीनो चिट्ठों, पॉडकास्ट फीड एग्रेगेटर की सारी चिट्ठियां, कौपी-लेफ्टेड हैं या इसे कहने का बेहतर तरीका होगा कि वे कॉपीराइट के झंझट मुक्त हैं। आपको इनका किसी प्रकार से प्रयोग वा संशोधन करने की स्वतंत्रता है। मुझे प्रसन्नता होगी यदि आप ऐसा करते समय इसका श्रेय मुझे (यानि कि उन्मुक्त को), या फिर मेरी उस चिट्ठी/ पॉडकास्ट से लिंक दे दें। मुझसे समपर्क का पता यह है।

2 Responses to विकिपीडिया स्वतंत्र हुई

  1. Anunad Singh says:

    खुश होने की बात है। क्या इसका मतलब यह है कि विकिपिडिया के लेख हूबहू कोई किसी किताब में प्रकाशित करके उस पुस्तक को बेच सकता है?

  2. एक दृष्टि से तो यह बहुत बढ़िया बात हुई कि विकिपिडिया स्वतंत्र हो गई मगर जैसा अनुनाद भाई का इशारा है, यह खतरा तो है ही. अभी भी विकिपिडिया के बारे में जानकारी और कम्प्यूटर कितनी जनसंख्या के पास है.

    पेटेंट कानून में बदलाव के विषय में आपके लेख का इन्तजार करेंगे. जल्दी नहीं है, इत्मिनान से पढ़िये.🙂

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